सरकार जल्द अनिवार्य करेगी डिजिटल न्यूज प्लेटफॉर्म्स के लिए नियम

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जल्द ही ‘सूचना प्रसारण मंत्रालय’ डिजिटल न्यूज प्लेटफॉर्म्स के लिए अपने संस्थान के बारे में संपूर्ण विवरण देना अनिवार्य करने जा रहा है। दरअसल, मंत्रालय के पास अभी तक देश में चल रहे ऑनलाइन न्यूज मीडिया के बारे में पूरा ब्योरा नहीं है, इसलिए इस तरह की योजना पर काम चल रहा है।

मीडिया खबर के अनुसार, मंत्रालय एक ऐसा फॉर्म लाने की योजना बना रहा है, जिसे सभी डिजिटल न्यूज संस्थानों को एक महीने के भीतर भरकर जमा कराना होगा। इस फॉर्म में डिजिटल न्यूज प्लेटफॉर्म्स को उनके एडिटोरियल हेड, स्वामित्व, पता और शिकायत निवारण अधिकारी समेत तमाम ब्योरा भरना होगा।

सूचना प्रसारण मंत्रालय के सचिव अमित खरे का कहना है, ‘वर्तमान में सरकार के पास इस बात की पूरी जानकारी नहीं है कि इस सेक्टर में कितने और कौन-कौन से प्लेयर्स हैं। इन वेबसाइट्स पर जाने पर आपको ये भी नहीं पता चलेगा कि इनका ऑफिस कहां पर है और इनका एडिटर-इन-चीफ कौन है?’

सूचना प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर का भी कहना है कि उनके मंत्रालय को भी नहीं पता कि देश में कितने न्यूज ऑर्गनाइजेशंस चल रहे हैं। उनका कहना है कि जब तक मंत्रालय को पता ही नहीं होगा कि देश में कितने डिजिटल न्यूज पोर्टल्स हैं, तब तक उनसे किसी भी महत्वपूर्ण विषय पर सलाह-मशविरा कैसे किया जा सकता है।

उल्लेखनीय है कि हाल ही में केंद्र सरकार ने सोशल मीडिया और ओवर-द-टॉप प्‍लेटफॉर्म्‍स के लिए गुरुवार को गाइडलाइंस जारी कर दी हैं। सरकार का कहना है कि इससे एक लेवल-प्‍लेइंग फील्‍ड मिलेगा।

श्री राम जन्मभूमि मंदिर निधि समर्पण अभियान पूर्ण

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विहिप ने ज्ञापित की कृतज्ञता

विनोद बंसल (राष्ट्रीय प्रवक्ता, विश्व हिन्दू परिषद)

अयोध्या में भगवान श्री राम की जन्मभूमि पर बनने वाले भव्य मंदिर के निर्माण हेतु गत मकर संक्रांति को प्रारंभ हुए देश-व्यापी निधि समर्पण अभियान की पूर्णाहुति तो शनिवार को हो गई किन्तु अपने पीछे चिर-स्मरणीय यादें छोड़ गया। विश्व हिन्दू परिषद के केन्द्रीय कार्याध्यक्ष व इस अभियान के राष्ट्रीय संयोजक एडवोकेट आलोक कुमार ने आज कहा है कि लगभग 10 लाख टोलियों में जुटे 40 लाख समर्पित कार्यकर्ताओं के माध्यम से शनिवार को संपन्न विश्व के इस सबसे बड़े अभियान में हमने प्रांत जिला, तहसील व गाँवों के घर-घर जाकर समर्पण निधि तो प्राप्त की ही साथ ही, रामजी के प्रति श्रद्धा, विश्वास व समर्पण के भाव ने गद-गद भी कर दिया। विश्व हिन्दू परिषद हिन्दू समाज के इस उदारता, समरसता व एकात्मता पूर्ण समर्पण के प्रति अपनी कृतज्ञता ज्ञापित करती है।

विनोद बंसल

आलोक कुमार ने कहा कि लाखों गांवों व शहरों के करोड़ों हिन्दू परिवारों ने भक्ति पूर्ण भाव से इसमें सह-भागिता की। इस अभियान में कार्यकर्ताओं को अनेकों भावुक क्षणों से गुजरना पड़ा व अनेक व्यक्तियों को अपनी क्षमता से बहुत अधिक समर्पण करते हुए देखा। रामजी के लिए अनेक भक्तों ने अपनी छल-छलाती आँखों से विनम्रता पूर्वक अर्पण किया। अनेक जगहों पर निधि समर्पण टोली की राम दूत मान कर अगवानी व सेवा हुई। इसमें भारत के प्रथम नागरिक राष्ट्रपति से लेकर फुटपाथ पर सोने वाले व्यक्तियों ने अपनी पवित्र आय में से समर्पण कर स्वयं को भगवान श्रीराम से जोड़ लिया। अब यह निश्चित हो गया है कि अयोध्या में जन्मस्थान पर बनने वाला यह भव्य राम मंदिर एक राष्ट्र मंदिर का भी प्रतीक होगा। विश्व के इस सबसे बड़े महा-अभियान के आँकडों, अनुभवों व प्रेरक प्रसंगों का संकलन हो रहा है जिन्हें हम शीघ्र ही देश के समक्ष रखने का प्रयास करेंगे।

स्वदेश के प्रधान संपादक राजेंद्र शर्मा को पत्रकारिता भूषण सम्मान

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लोकेंद्र सिंह

उत्तरप्रदेश सरकार के प्रतिष्ठान उप्र हिंदी संस्थान ने वर्ष 2019 के लिए अपने प्रतिष्ठित सम्मानों/पुरस्कारों की घोषणा कर दी है। विभिन्न कला विधाओं में दिए जाने वाले इन सम्मानों के अंतर्गत पत्रकारिता क्षेत्र में उत्कृष्ट अवदान के लिए स्वदेश पत्र समूह भोपाल के अध्यक्ष व प्रधान संपादक राजेन्द्र शर्मा को चुना गया है। उन्हें पत्रकारिता भूषण से सम्मानित किया जा रहा है। इसके अंतर्गत दो लाख रुपए के साथ ही स्मृति चिह्न और प्रशस्ति पत्र दिया जाएगा।  

इसके साथ ही संस्थान का भारत-भारती सम्मान मुंबई की कवयित्री सूर्यबाला तथा हिंदी गौरव सम्मान वरिष्ठ साहित्यकार व पत्रकार तरुण विजय को प्रदान किया जा रहा है। अन्य क्षेत्रों में मध्यप्रदेश से सम्मानित होने वाली प्रतिभाओं में डॉ.कपिल तिवारी ( अवंतिबाई साहित्य सम्मान), डॉ. रामेश्वर मिश्र पंकज (महात्मा गांधी साहित्य सम्मान), डॉ. विनय  राजाराम (साहित्य भूषण सम्मान) शामिल हैं। 

पचहत्तर वर्षीय राजेंद्र शर्मा गत 54 वर्षो से पत्रकारिता के क्षेत्र में सतत सक्रिय हैं। उन्होंने पांच दशक पहले ग्वालियर में हमारी आवाज से पत्रकार के रूप में पत्रकारिता की यात्रा प्रारंभ की, जिसके बाद मात्र पच्चीस वर्ष की आयु में ही स्वदेश के संपादन का कार्यभार संभाल लिया.। इसके बाद आप इसी समूह के प्रधान संपादक बने। श्री शर्मा ने बाद में भोपाल से स्वदेश का प्रकाशन प्रारंभ कर इसका विस्तार किया। आप पिछले चार दशक से स्वदेश पत्र समूह भोपाल के प्रधान संपादक हैं। यह समूह भोपाल, रायपुर, बिलासपुर, सागर व जबलपुर से संस्करण प्रकाशित करता है। श्री शर्मा साहित्य अनुरागी भी हैं और विभिन्न सामाजिक सेवाओं में सक्रिय सहभागिता करते रहे हैं। 

पत्रकारिता की सुदीर्घ व उत्कृष्ट सेवाओं के लिए उन्हें माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय का गणेश शंकर विद्यार्थी सम्मान व मध्यप्रदेश शासन का माणिकचंद्र वाजपेयी सम्मान भी मिल चुका है। इसके अतिरिक्त वे अयोध्या के पं. रामकिंकर उपाध्याय सम्मान से भी सम्मानित किए जा चुके हैं।  पत्रकारिता भूषण सम्मान उप्र के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथों प्रदान किया जाएगा जो संस्थान के अध्यक्ष भी हैं।

आशुतोष कुमार सिंह को मिला वाग्धारा यंग अचीवर्स अवार्ड

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स्वस्थ भारत अभियान के राष्ट्रीय संयोजक आशुतोष कुमार सिंह को 2021 का वाग्धारा यंग अचीवर्स अवार्ड राजभवन, महाराष्ट्र  में आयोजित सम्मान समारोह में राज्यपाल श्री भगत सिंह कोश्यारी एवं पूर्व मुख्यमंत्री नारायण राणे के हाथों दिया गया। जेनरिक दवाइयों के लिए  पूरे देश में जागरूकता अभियान चलाने के लिए ‘जेनमैन’ नाम से विख्यात आशुतोष  कुमार सिंह को यह सम्मान स्वास्थ्य के क्षेत्र में उनके द्वारा किए गए उल्लेखनीय कार्यों के लिए दिया गया। इस अवसर पर महाराष्ट्र के पूर्व गृह राज्य मंत्री कृपाशंकर सिंह एवं वाग्धारा के अध्यक्ष डॉ.वागीश सारस्वत भी उपस्थित रहे ।

आशुतोष कुमार सिंह

स्वास्थ्य जागरूकता के लिए  भारत में 50 हजार किमी से ज्यादा का भ्रमण कर चुके स्वास्थ्य कार्यकर्ता आशुतोष कुमार सिंह को मुंबई की संस्था वाग्धारा ने यह सम्मान दिया  है। विगत 36 वर्षों से स्वास्थ्य, शिक्षा एवं संस्कृति के संवर्धन हेतु कार्य कर रही संस्था वाग्धारा विगत पांच वर्षों से वाग्धारा नवरत्न अवार्ड, जीवन गौरव अवार्ड एवं पिछले वर्ष से वाग्धारा यंग अचीवर्स अवार्ड दे रही है। मूल रूप से बिहार के सीवान जिला के रहने वाले श्री आशुतोष को इसके पूर्व बीबीआरएफआई द्वारा ‘मेसेंजर ऑफ हेल्थ एंड वेल विइंग्स’ अवार्ड-2019 , साउथ एशिया पेसिफिक हेल्थ केयर अवार्ड-2019, तिलका मांझी राष्ट्रीय सम्मान एवं वंदेमातरम सम्मान से भी सम्मानित किया जा चुका है।

देश-दुनिया से मिल रही है शुभकामनाएं

आशुतोष कुमार सिंह के इस उपलब्धि पर उनके गृह जिला  बिहार राज्य के सीवान में खुशियों  का माहौल है। जिला के प्रबुद्ध लोगों ने उन्हें बधाई संदेश प्रेषित किया है। उनके बड़े भाई चंद्र शेखर सिंह ने कहा कि, यह उपलब्धि सीवान ही नहीं बल्कि बिहार के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में आशुतोष का काम सराहनीय है और रजनपुरा ग्राम पंचायत की सम्पूर्ण जनता इस उपलब्धि से ख़ुद को गौरान्वित महसूस कर रही है। श्री आशुतोष की मां ने कहा कि, ‘हमार बबुआ निमन काम करत बा,आगे बढ़त बा, हमार आशीर्वाद बाबू के साथे बा।’ दूसरी तरफ सोशल मीडिया पर श्री आशुतोष को देश दुनिया से शुभकामनाएं प्राप्त हो रही हैं। 

श्री आशुतोष ने इस बावत कहा कि यह सम्मान स्वस्थ भारत के साथियों को समर्पित है। पिछले 9 वर्षों से स्वस्थ भारत के सपने को साकार करने में नि:स्वार्थ भाव से जिन साथियों ने योगदान दिया है, यह सम्मान दरअसल उनका है।

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